
हिमायतनगर, संवाददाता| हिमायतनगर शहर और आसपास के क्षेत्र में पिछले दो-तीन दिनों से जारी रुक-रुक कर हो रही बारिश ने गुरुवार सुबह से जोर पकड़ लिया। इस बारिश से खरीफ फसलों को नई ऊर्जा मिली है और किसानों के चेहरे खिल उठे हैं। लंबे समय से अच्छी बारिश का इंतजार कर रहे किसानों के लिए यह वर्षा राहत लेकर आई है।
बीच में कई दिनों तक बारिश नहीं होने से सोयाबीन, कपास, तुअर और अन्य खरीफ फसलें प्रभावित होने लगी थीं। हालांकि पिछले कुछ दिनों से लगातार हो रही मौसमी बारिश से फसलों की स्थिति में सुधार देखा जा रहा है। किसानों का कहना है कि यदि आगे भी अच्छी बारिश होती रही तो उत्पादन में बढ़ोतरी की उम्मीद है।
बारिश से जहां खेतों में नमी बढ़ी है, वहीं भीषण उमस और गर्मी से परेशान लोगों को भी राहत मिली है। हालांकि अब तक क्षेत्र में कोई तेज मूसलाधार बारिश नहीं हुई है, जिसके कारण नदी-नाले और जलस्रोत पूरी तरह नहीं भर पाए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि भविष्य में पेयजल संकट से बचने के लिए लगातार अच्छी बारिश जरूरी है।
राजस्व विभाग के अनुसार, सरसम मंडल में 56 मिमी, हिमायतनगर मंडल में 56.5 मिमी तथा जवलगांव मंडल में 28.8 मिमी वर्षा दर्ज की गई है। हिमायतनगर तालुका में इस वर्ष 867.30 मिमी औसत वर्षा अपेक्षित है, जबकि अब तक 255.70 मिमी वर्षा दर्ज की जा चुकी है। यह जानकारी राजस्व सहायक गोविंद पांपटवार ने दी।
मौसम विभाग ने आगामी दिनों में भी बारिश की संभावना जताई है। ऐसे में किसानों को उम्मीद है कि अच्छी वर्षा से जलस्रोत भरेंगे, भूजल स्तर में सुधार होगा और खेती के साथ-साथ पेयजल संकट से भी राहत मिलेगी।
